राजस्थान में पुजारी दंपति को जिंदा जलाने की कोशिश, पेट्रोल बम फेंका, 80 फीसदी झुलसे, हालत गंभीर

राजस्थान में पुजारी दंपति को जिंदा जलाने की कोशिश, पेट्रोल बम फेंका, 80 फीसदी झुलसे, हालत गंभीर


हाइलाइट्स

राजसमंद के देवगढ़ थाना इलाके में हुई वारदात
यहां मंदिर की जमीन को लेकर विवाद चल रहा है
पुलिस ने ताबड़तोड़ कार्रवाई कर 8 संदिग्धों को हिरासत में लिया है

राजसमंद. राजस्थान में एक बार फिर एक खौफनाक वारदात सामने आई है. प्रदेश के राजसमंद जिले के देवगढ़ थाना इलाके में रविवार देर रात एक पुजारी दंपति (Priest couple) को जिंदा जलाकर मार डालने का प्रयास (Attempt to burn alive) किया गया. इसके लिए हमलावरों ने पुजारी की दुकान पेट्रोल बम से हमला किया. इस हमले में बुजुर्ग पुजारी दंपति करीब 80 फीसदी तक जल गया. दोनों को स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है. वहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है. पुलिस ने इस मामले में करीब 8 संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया है. पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है.

पुलिस के अनुसार वारदात देवगढ़ पुलिस थाना इलाके में नेशनल हाईवे नंबर 8 कामली घाट स्थित पेट्रोल पंप के सामने हुई. वहां हीरा की बस्ती में मंदिर की जमीन के विवाद में रविवार रात करीब 8.30 बजे 10-12 लोगों ने पुजारी की दुकान में घुसकर वहां पेट्रोल बम फेंक दिया. घटना के समय वहां पुजारी परिवार खाना खा रहा था. पेट्रोल बम फेंकते ही वहां आग लग गई. आग लगने से पुजारी नवरत्न लाल (75) और उनकी पत्नी जमना देवी (60) के कपड़ों ने आग पकड़ ली.

आग देखकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे
पुजारी के पुत्र मुकेश प्रजापत ने बताया कि हमले में उसके माता-पिता दोनों बुरी तरह झुलस गए. उसने पानी डालकर आग बुझाई. वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए. दुकान से आग की लपटें और धुएं को देखकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे. ग्रामीणों ने पानी और मिट्टी डालकर आग बुझाई. बाद में देवगढ़ पुलिस और 108 एम्बुलेंस को सूचना दी. ग्रामीणों ने एम्बुलेंस की मदद से दोनों घायलों को देवगढ़ अस्पताल भेजा. घटना की जानकारी मिलते ही अस्पताल में लोगों की भीड़ जुट गई.

जमीन के विवाद की पुलिस में रिपोर्ट दे चुके हैं
मुकेश ने बताया कि मंदिर की जमीन के विवाद को लेकर उन्होंने पहले ही कामली घाट चौकी पर रिपोर्ट भी दी लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई. घटना की सूचना पर देवगढ़ थानाधिकारी शैतान सिंह नाथावत पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया. तहसीलदार मुकन्द सिंह, एसआई प्रताप सिंह भी घटनास्थल पर पहुंचे. ग्रामीणों के आक्रोश को देखते हुए पुलिस ने दो टीमों को आरोपियों को पकड़ने के लिए देर रात ही उनके संभावित ठिकानों पर दबिश देने भेजा. पुलिस ने मामले में करीब 8 संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया है.

Tags: Crime News, Rajasthan news



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